अध्याय 56 शरण और आक्रोश

आदमी के कार से उतरते ही एला बिलकुल जड़ हो गई। उसकी मुट्ठी में कसकर भींचा हुआ विज़िटिंग कार्ड था, और वह उसी पर टकटकी लगाए बैठी रही।

“तो फिर आप तो बहुत खुश होंगी, है ना?” ड्राइवर ने गर्मजोशी से हँसते हुए रियरव्यू मिरर में एला की तरफ देखा।

एला की आँखें अर्धचंद्र-सी मुड़ गईं—मानो हथेलियों में कोई अनमो...

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